2000 rs note news in hindi : ममता बनर्जी ने बताया RBI और मोदी सरकार के फैसले को जुमला

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2000 rs note denomination news : भारतीय मार्केट में पिछले कुछ दिनों की बात की जाए तो ₹2000 का नोट काफी कम दिखाई दे रहा था जिसको देखते हुए कई मीडिया सोर्सेस ने यह पहले ही अंदाजा लगा दिया था कि कहीं ना कहीं नोट को सरकार वापस ले सकती है। ऐसा ही कल हुआ है जब RBI (Reserve Bank of India) ने अपना एक सर्कुलर जारी करते हुए ₹2000 के नोट वापस लोन लेने का फैसला जारी कर दिया। अब लोगों के पास अगर ₹2000 के नोट है तो वह 1 दिन में ₹20000 तक 2000 के नोट एक्सचेंज कर सकते हैं वहीं आरबीआई के इस फैसले पर देश के विपक्ष के नेता अलग-अलग प्रतिक्रिया जाहिर कर रहे हैं। जहां पर ममता बनर्जी ने इस मामले को  “बिलियन डॉलर धोखा” बताया है। 



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RBI ने दिया बैंको को यह आदेश 

RBI  की ओर से अब सभी भारतीय बैंकों को यह स्टेटमेंट जारी कर दिया गया है कि अब कोई भी बैंक ₹2000 का नोट जारी ना करें वही पब्लिक से भी है उम्मीद की गई है कि जल्द से जल्द वह ₹2000 के नोट को बैंक में जाकर बदल सकेंगे। हालांकि विपक्ष के नेताओं ने ₹2000 के डिनॉमिनेशन वाली पॉलिसी पर मोदी सरकार के खिलाफ काफी गुस्सा जाहिर किया है। जहां पर आम आदमी पार्टी के बड़े नेता अरविंद केजरीवाल ने भी मोदी सरकार पर आरोप लगाते हुए इस फैसले को पूरी तरीके से गलत बताया है, जबकि ममता बनर्जी ने कहा कि भारत की करोड़ों लोगो की आबादी को एक बार फिर परेशानी का सामना करना पड़ेगा। 

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₹2000 के इतने करोड़ रूपये अब भी मार्किट में है मौजूद 

डाटा के हिसाब से यह अनुमान लगाया जा रहा है कि भारतीय मार्केट में 6.73 लाख  रुपए (2000 के नोटों में) मार्च 31, 2018 तक पाए गए थे। जो कि करीब 37.3 प्रतिशत के ओवरआल सर्कुलर बनता है जबकि अगर बात 2023 के करें तो मार्च 2023 तक यह आंकड़ा करीबन 3.62 लाख करोड रुपए का रहा है जिसमें करीब 10.8 प्रतिशत Rs2000 के नोट ही केबल बाजार में सरकुलेशन के तौर पर पाए गए है जिन्हे अब RBI ने बापस लेने का फैसला किया है। 


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